बांडीपोरा:
जम्मू-कश्मीर के बांडीपोरा जिले के नाइदखेई गांव के रहने वाले पूरी तरह से नेत्रहीन इरफान अहमद लोन ने अपनी कड़ी मेहनत और मजबूत इरादों के दम पर बड़ी सफलता हासिल करते हुए सिविल सेवा परीक्षा 2025 में 957वीं रैंक प्राप्त की है। इरफान की यह उपलब्धि पूरे समाज के लिए प्रेरणा बन गई है।
दृष्टिहीन होने के बावजूद इरफान ने कभी अपनी दिव्यांगता को अपने सपनों के रास्ते में बाधा नहीं बनने दिया। उन्होंने लगातार मेहनत, धैर्य और आत्मविश्वास के साथ पढ़ाई जारी रखी और आखिरकार सिविल सेवा जैसी कठिन परीक्षा में सफलता हासिल कर अपने परिवार और क्षेत्र का नाम रोशन किया।
इरफान अहमद लोन ने अपनी सफलता का श्रेय अपनी मेहनत और लक्ष्य के प्रति निष्ठा को दिया। उन्होंने कहा कि यदि इंसान अपने लक्ष्य के प्रति ईमानदारी से प्रयास करता है, कड़ी मेहनत करता है और असफलता मिलने पर भी धैर्य के साथ फिर से कोशिश करता है, तो एक दिन सफलता जरूर मिलती है। उन्होंने कहा कि “अगर इंसान सच्चे दिल से कोशिश करे तो खुदा भी उसकी मदद करता है।”
इरफान ने बताया कि उनके पिता कृषि विभाग में एक श्रमिक के रूप में काम करते हैं और परिवार ने हमेशा उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने यह भी बताया कि जब वह बहुत छोटे थे तभी उनकी मां का देहांत हो गया था, लेकिन कठिन परिस्थितियों के बावजूद उन्होंने अपने हौसले को कभी कमजोर नहीं होने दिया।
